रायपुर । (सियासत दर्पण न्यूज़) छत्तीसगढ़ के रायपुर के पंडरी मोवा स्थित ‘साहस नशा मुक्ति केंद्र’ में एक आदिवासी युवक को पाइप से बेरहमी से पीटने का वीडियो सामने आया है। नशे की लत छुड़ाने के लिए परिजनों ने उसे भर्ती कराया था। लेकिन केंद्र संचालिका के बेटे ने उसके साथ मारपीट की।
पिटाई से उसके पीठ-गर्दन की चमड़ी छिल गई है। गहरे जख्म के निशान दिख रहे हैं। युवक की मानसिक स्थिति भी बिगड़ गई है। उसका इलाज विशाखापट्टनम के एक अस्पताल में चल रहा है। मामला पंडरी थाना इलाके का है।
दरअसल, ओडिशा के उमरकोट निवासी अंकुर मांझी को उसके माता-पिता ने नशा छुड़ाने सितंबर-अक्टूबर 2025 में पंडरी मोवा के ‘साहस नशामुक्ति केंद्र’ में भर्ती करवाया था। कुछ दिनों बाद ही उसके साथ मारपीट हुई थी, लेकिन यह मामला दब गया था।
जब फरवरी में बेटा घर पहुंचा, तो उसकी हालत देखकर माता-पिता को इसकी जानकारी हुई। अंकुर की पीठ और गर्दन पर मारपीट के कारण चमड़ी छिल गई थी। वह बुरी तरह डरा हुआ था। परिजनों ने उसे डॉक्टरों को दिखाया, तो डॉक्टरों ने मारपीट होने की वजह से उसे मानसिक बीमार बता दिया। अभी अंकुर का विशाखापट्टनम में इलाज चल रहा है।
बेटे ने पूछताछ में परिजनों को बताया कि, केंद्र संचालिका के बेटे अनिकेश शर्मा ने उसे पाइप से पीटा है। गाली-गलौज भी की। सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में कथित तौर पर अनिकेश को मरीज के साथ हिंसक व्यवहार करते और बेरहमी से पीटते देखा जा सकता है। आरोप है कि इलाज के नाम पर वहां ‘टॉर्चर सेल’ चलाया जा रहा था।
पीड़ित अंकुर के परिजनों ने आरोप लगाया है कि, जब उनका बेटा केंद्र में भर्ती था, तब उन्हें मिलने भी नहीं दिया जाता था। वो मिलने जाते थे जातिसूचक गालियां दी जाती थी। अब परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने केंद्र संचालिका के बेटे अनिकेश शर्मा के खिलाफ FIR दर्ज कर लिया है। पुलिस ने केंद्र संचालिका से नशा मुक्ति केंद्र संचालित करने के दस्तावेज भी मांगे हैं।
इस मामले में पंडरी थाना प्रभारी स्वराज त्रिपाठी ने बताया कि, पीड़ित परिवार की शिकायत पर आरोपी के खिलाफ केस दर्ज किया गया है। आरोपी अनिकेश शर्मा खुद नशे की लत में है। वर्तमान में टाटीबंध स्थित नशामुक्ति केंद्र में उसका इलाज चल रहा है। टाटीबंध स्थित नशामुक्ति केंद्र से उसकी रिपोर्ट मांगी है। रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।






