चेन्नई । (सियासत दर्पण न्यूज़) अभिनेता-राजनेता कमल हासन ने सोमवार को अपने प्रशंसकों, मीडिया और प्रशंसकों से अपील की कि वे उन्हें ‘उलगनयागन’ (वैश्विक नायक) उपनाम से संबोधित न करके केवल कमल नाम से ही पुकारें। राजनीतिक पार्टी मक्कल नीधि मैयम (एमएनएम) के संस्थापक ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर कहा, “मुझे हमेशा ‘उलगनयागन’ जैसी प्यारी उपाधियों से सम्मानित किए जाने पर गहरी कृतज्ञता महसूस होती है।” उन्होंने कहा कि सहयोगियों और प्रशंसकों से सम्मान पाकर और विनम्र हो जाता हूं। अभिनेता कहा, “सिनेमा की कला बाधाओं और व्यक्ति से परे है और मैं इस कला का एक छात्र हूँ, जो हमेशा विकसित होने, सीखने और बढ़ने की उम्मीद करता हूँ।” कमल ने अपने प्रशंसकों से कहा, “यह मेरा विनम्र विश्वास है कि कलाकार को कला से ऊपर नहीं रखा जाना चाहिए। मैं जमीन से जुड़ा रहना पसंद करता हूं। अपनी खामियों और सुधार के अपने कर्तव्य के बारे में लगातार जागरूक रहता हूं, इसलिए काफी सोच-विचार के बाद, मैं ऐसे उपनामों को सम्मानपूर्वक अस्वीकार करने के लिए बाध्य महसूस करता हूं।” पिछले कुछ साल में कमल को ‘उलगा नायकन’ (वैश्विक नायक) के रूप में संबोधित किया जाता था, यह शीर्षक उन्हें प्रशंसित निर्देशक केएस रविकुमार ने रोमांटिक कॉमेडी फिल्म “तेनाली” (2004) में दिया था। जिसमें कमल ने एक श्रीलंकाई तमिल शरणार्थी की भूमिका निभाई थी। कमल ने रविकुमार को निर्माता बनाया और इस कृतज्ञता के लिए उन्होंने बहुमुखी अभिनेता को यह उपाधि दी। इससे पहले, उन्हें दिवंगत द्रविड़ पितामह और पूर्व मुख्यमंत्री एम करुणानिधि की ओर से ‘कलाई ज्ञानी’ (विद्वान/विद्वान कलाकार) की उपाधि दी गई थी। इसके अलावा, 1970 और 80 के दशक में, तेजतर्रार और शूरवीर नायक के रूप में उन्हें ‘कथल इलावरसन’ (‘प्रेम का राजकुमार’) के रूप में जाना जाता था।
*सीएम योगी का बड़ा फैसला, यूपी में चाइनीज मांझे से मौत मानी जाएगी हत्या*
लखनऊ । (सियासत दर्पण न्यूज़) उत्तर प्रदेश में चाइनीज मांझे से हो रही लगातार दुर्घटनाओं और मौतों को गंभीरता से लेते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बड़ा और सख्त फैसला…









