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*आईआईटी भिलाई में समस्या का स्थायी समाधान जरूरी*

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दुर्ग: (सियासत दर्पण न्यूज़) पानी की समस्या से जूझ रहे IIT Bhilai को जल्द ही समस्या से निजात मिलने वाली है। संस्थान में पानी की समस्या को दूर करने के लिए लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा बनाई गई 10 करोड़ रुपये की योजना का काम अब अंतिम चरण में है। भटगांव के निकट शिवनाथ नदी किनारे साढ़े तीन एमएलडी क्षमता वाली इंटकवेल का निर्माण पूरा हो गया है।

नदी से पानी खींचने यहां मोटर पंप लगाने का काम सप्ताहभर में पूरा कर लिया जाएगा। वहीं कुटेलाभाटा स्थित आइआइटी भिलाई के परिसर में फिल्टर प्लांट बनाया गया है। इसका काम भी अंतिम चरण में पहुंच गया है। स्थापना के साथ ही आईआईटी भिलाई में जलसंकट की स्थिति थी। इस समस्या से निपटने भिलाई निगम व जिला प्रशासन ने साल 2023 में एक वैकल्पिक व्यवस्था बनाई थी, जिसके मुताबिक खनिज न्यास मद से 34.81 लाख रुपये स्वीकृत कर निगम के खम्हरिया भाठा पानी टंकी से आइआइटी तक पानी पहुंचाने की योजना बनाई गई।

चूंकि आईआईटी में पानी की समस्या का स्थायी समाधान जरूरी है। इसे ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन द्वारा लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अधिकारियों को निर्देशित कर नई योजना बनाए जाने के निर्देश दिए। इस पर शिवनाथ स्थित भटगांव-गनियारी एनीकट पर एक इंटकवेल का निर्माण कर आईआईटी भिलाई तक पानी पहुंचाने की योजना बनाई गई। लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के कार्यपालन अभियंता उत्कर्ष पांडेय ने बताया कि करीब 10 करोड़ की इस योजना का काम अब अंतिम चरण में पहुंच गया है।

नदी के भटगांव-गनियारी एनीकट पर साढ़े तीन एमएलडी क्षमता वाली इंटकवेल का निर्माण कराया गया है। यहां नदी से पानी खींचने के लिए मोटर पंप लगाने का काम चल रहा है, जिसे सप्ताहभर में पूरा कर लिया जाएगा। इस इंटकवेल से आईआईटी भिलाई तक पानी पहुंचाने के लिए पाइपलाइन बिछाई गई है। वहीं आईआईटी में फिल्टर प्लांट का निर्माण कराया गया है। इसका काम भी अंतिम चरण में है। शेष काम निर्धारित समयावधि में पूरा हुआ तो जुलाई के अंत तक शिवनाथ नदी से आईआईटी में पानी की सीधी सप्लाई शुरू हो जाएगी।

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