राजनांदगांव। (सियासत दर्पण न्यूज़) पद्मश्री फुलबासन यादव के अपहरण में खुशबू की उच्च महत्वाकांक्षा उभरकर सामने आई है। बेमेतरा जिले की महिला स्वयं सहायता समूहों की अध्यक्ष बनकर वह भी धन और सम्मान पाना चाहती थी।
राजनांदगांव में नियमित पुलिस जांच के दौरान नाकाम हुई इस साजिश में दो महिलाओं सहित पांच आरोपितों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
आरोपित खुशबू साहू महिला समूहों से जुड़ी हुई है
पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा ने बताया कि मुख्य आरोपित खुशबू साहू (27) महिला समूहों से जुड़ी हुई है। वह मंगलवार सुबह सलोनी महेश्वरी व मित्र चिनक राम साहू (38) के साथ किराए की स्कार्पियो से राजनांदगांव पहुंची। वाहन चालक दिनेश बंजारे (35) व गोपाल खेलवार (25) भी थे।
वे सुबह 10:30 बजे फुलबासन बाई के घर पहुंचे और उनका अपहरण कर लिया। खैरागढ़ रोड पर यातायात पुलिस की नियमित जांच में उन्हें पकड़ा गया।
लगभग 10 घंटे तक पूछताछ की गई
आरोपितों को सुकुलदैहान पुलिस चौकी लाया गया, जहां लगभग 10 घंटे तक पूछताछ की गई। इस दौरान पता चला कि खुशबू बंधक बनाकर फुलबासन को अपने घर ले जाने का प्रयास कर रही थी, ताकि वह उनसे अपनी विशेष पहचान करवा सके।
फुलबासन यादव को सुरक्षा प्रदान की गई
पुलिस ने आरोपितों के विरुद्ध केस दर्ज किया है। घटना के बाद फुलबासन यादव को सुरक्षा प्रदान की गई है। पुलिस महानिरीक्षक बालाजी राव और पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा ने फुलबासन को बचाने वाले पुलिसकर्मियों को पुरस्कार देने की घोषणा की है।








