(सियासत दर्पण न्यूज़) छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में मवेशी तस्करी करने वाले रायपुर के वाहन मालिक को पुलिस ने ओडिसा से गिरफ्तार किया है। आरोपी ओडिशा में छिपकर मवेशी तस्करी के लिए गाड़ी उपलब्ध कराता था और तस्करों की मदद करता था। पुलिस ने मवेशी तस्करी करने वालों के खिलाफ दूसरी बड़ी दरअसल, 2 दिन पहले पुलिस ने खूंटाघाट के पास नाकेबंदी कर 17 मवेशियों से भरे ट्रक को पकड़ा था। इसके साथ ही पुलिस ने मवेशी तस्करी करने वाले कुरैशी गैंग के एक सदस्य को भी गिरफ्तार किया था। उससे पूछताछ के बाद से पुलिस मवेशी तस्करों पर एंड टू एंड कार्रवाई करने का दावा किया था। वहीं, मवेशी तस्करी में शामिल फरार आरोपियों की तलाश कर रही थी। पुलिस ने 2 दिन के अंदर रायपुर के हसदा अभनपुर के रहने वाले तस्कर गुरुवेंद्र नागरची (29) को पकड़ा है। वह ओडिशा के नुआपाड़ा जिले में छिपा हुआ था और वहीं से तस्करी का काम करता था। साथियों को तस्करी के लिए गाड़ी उपलब्ध कराने के साथ ही पकड़े जाने पर उनकी मदद भी करता था। पूछताछ के बाद पुलिस ने उसकी निशानदेही पर तस्करी में उपयोग किए जाने वाले दो ट्रक और एक पिकअप ओडिशा के अलग-अलग इलाकों से जब्त किए हैं। बीते 10 सितंबर को पाली से ट्रक में 17 मवेशी लोड कर तस्कर उत्तरप्रदेश के बूचड़खाना लेकर जा रहे थे। गौरक्षकों ने जैसे ही इस घटना की जानकारी पुलिस दी। पुलिस ने घेराबंदी कर खूंटाघाट के पास ट्रक को पकड़ लिया। मौके पर उत्तरप्रदेश के एक तस्कर को भी गिरफ्तार किया गया। उससे पूछताछ के बाद पुलिस ने गिरोह के फरार तस्करी की तलाश कर रही है। पाली से पीछा कर जिस ट्रक को पुलिस ने पकड़ा था, वह किसी और के नाम पर दर्ज था। जांच में पुलिस को पता चला कि गाड़ी का सौदा रायपुर जिले के अभनपुर के हसदा निवासी गुरुवेंद्र नागरची (29) के नाम पर हुआ है। जिसके बाद पुलिस ने उसकी तलाश शुरू कर दी। उसके ओडिशा के नुआपाड़ा जिले में छिपे होने की जानकारी मिली, तब उसी दिन पुलिस टीम वहां रवाना हो गई और उसे गिरफ्तार कर लिया। कोटा एसडीओपी नूपुर उपाध्याय ने बताया कि मवेशी तस्करों का यह बड़ा गिरोह है। यह गिरोह रायपुर, बिलासपुर, कोरबा समेत आसपास के इलाकों से मवेशी उठाकर उत्तरप्रदेश में तस्करी करता है। पुलिस ने मामले में चार तस्करों के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज की है और उनकी तलाश की जा रही है। उन्होंने मवेशी तस्करों के खिलाफ एंड टू एंड कार्रवाई करने का दावा किया है।
*बिलासपुर में मवेशी तस्करों का ओडिशा कनेक्शन*






