रायगढ़। (सियासत दर्पण न्यूज़) वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में रायगढ़ पुलिस ने झगड़ा, मारपीट और सार्वजनिक स्थानों पर हथियार लहराकर दहशत फैलाने वाले असामाजिक तत्वों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की है। इसी क्रम में जूटमिल और चक्रधरनगर थानों की टीमों ने 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया और उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेजा। इस कार्रवाई में एक विधि से संघर्षरत बालक भी शामिल है।
21 मार्च को समाधी गली में हुई मारपीट की घटना में जूटमिल पुलिस ने चार आरोपियों को अभिरक्षा में लिया। प्रार्थी किशोर बालक ने शिकायत दर्ज कराई कि वह अपने रिश्तेदार के साथ लकड़ी की देखभाल के लिए कयाघाट गया था। वहां करन बानी उर्फ करन गुप्ता और उसके साथियों ने बालक पर हमला किया। पीड़ित भागकर अपने घर पहुंचा, लेकिन आरोपियों ने पीछा किया। बाद में करन का बड़ा भाई सोनू गुप्ता तलवार लेकर घटनास्थल पर पहुंचा और जान से मारने की नीयत से दौड़ाया। पुलिस ने अपराध क्रमांक 94/2026 के तहत धारा 115(2), 296, 351(3), 3(5) बीएनएस के तहत मामले में त्वरित कार्रवाई की। गिरफ्तार आरोपियों में करन बानी, नंद किशोर बानी उर्फ अखिल गुप्ता, सोनू गुप्ता और एक विधि से संघर्षरत बालक शामिल हैं। सभी आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया और उन्हें जेल भेज दिया गया।
चक्रधरनगर थाना क्षेत्र की कार्रवाई 23 मार्च को विजयपुर क्षेत्र में पेट्रोलिंग के दौरान सूचना मिली कि दो युवक इंदिरा विहार मेन रोड पर धारदार खुरपी लहराकर राहगीरों को डराने धमकाने का प्रयास कर रहे हैं। पुलिस टीम ने तुरंत घेराबंदी कर आरोपियों को पकड़ लिया। पूछताछ में आरोपियों ने अपना नाम आशीष महंत और श्याम बरेठ बताया। आशीष महंत के कब्जे से धारदार लोहे की खुरपी बरामद की गई। दोनों आरोपियों के खिलाफ धारा 25, 27 आर्म्स एक्ट के तहत कार्रवाई की गई और न्यायिक रिमांड पर भेजा गया। आशीष महंत पूर्व में भी आपराधिक गतिविधियों में संलिप्त रहा है।
एसएसपी शशि मोहन सिंह का संदेश “जिले में शांति व्यवस्था भंग करने और मारपीट जैसी घटनाओं में शामिल असामाजिक तत्वों के खिलाफ रायगढ़ पुलिस लगातार सख्त कार्रवाई कर रही है। ऐसे तत्वों पर आगे भी कार्रवाई जारी रहेगी।” पुलिस ने यह भी चेतावनी दी कि किसी भी व्यक्ति या समूह द्वारा सार्वजनिक स्थलों पर हिंसा, हथियार लहराने या मारपीट करने का प्रयास किया गया तो उसके खिलाफ त्वरित और कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इस अभियान के तहत पुलिस ने सतर्कता बढ़ाई, इलाके में लगातार पेट्रोलिंग की और असामाजिक तत्वों की निगरानी बढ़ाई। दोनों थानों की टीमों ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और पीड़ितों से मुलाकात कर उन्हें सुरक्षा का आश्वासन दिया।
जूटमिल और चक्रधरनगर मामलों में पकड़े गए आरोपियों की गिरफ्तारी से यह स्पष्ट संदेश गया है कि रायगढ़ पुलिस किसी भी प्रकार के हिंसक और असामाजिक तत्वों को बर्दाश्त नहीं करेगी। जिले में कानून और व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस लगातार निगरानी रख रही है और जनता से सहयोग की अपील भी की गई है। इस कार्रवाई के माध्यम से यह साबित हुआ कि रायगढ़ पुलिस अपराधियों और असामाजिक तत्वों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने में पीछे नहीं है, और जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए सतत प्रयास जारी रहेंगे।






