रायपुर। (सियासत दर्पण न्यूज़) राज्य सरकार ने पिछले दिनो छत्तीसगढ़ राज्य महिला आयोग के अध्यक्ष पद पर ममता साहू की नियुक्ति की है। इसलिए कि किरणमयी नायक का कार्यकाल खत्म हो रहा है। लेकिन वे कह रही हैं कि हाईकोर्ट में मामला लंबित है और अंतिम निर्णय आने तक राज्य सरकार इस पद पर किसी अन्य की नियुक्ति नहीं कर सकती। हाईकोर्ट के अंतिम फैसले तक मैं ही अध्यक्ष रहूंगी। नए अध्यक्ष ममता साहू का कहना है कि सरकार ने नियुक्ति की, मुहुर्त में पदभार ग्रहण करूंगी। इससे एक बार फिर आयोग का यह पद विवादों के घेरे में आ गया है। इससे पहले सदस्यों की नियुक्ति भी हुई है जिनकी पटरी अध्यक्ष के साथ नहीं बैठी,उनका आरोप था कि अध्यक्ष सब कुछ अकेले करना चाहती है। लक्ष्मी वर्मा तो अब राज्यसभा सदस्य बन गई हैं इसलिए एक पद वह भी रिक्त है।
डॉ. किरणमयी नायक ने कहा कि लगातार दो कार्यकाल में कुल छह साल तक राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष के रूप में काम किया। पहला कार्यकाल 23 जुलाई 2020 से 22 जुलाई 2023 तक रहा, जबकि दूसरा कार्यकाल 21 जुलाई 2023 से 20 जुलाई 2026 तक है। उन्होंने कहा कि उनके मामले का अंतिम निराकरण होने तक राज्य सरकार इस पद पर किसी अन्य की नियुक्ति नहीं कर सकती। मामले में न्यायालय ने स्थगन आदेश दिया था और मामला अभी भी अंतिम सुनवाई के लिए लंबित है। इसलिए हाईकोर्ट के अंतिम आदेश तक उनका पद यथावत बना हुआ है।
उधर राज्य महिला आयोग की नवनियुक्त अध्यक्ष ममता साहू ने कहा कि किरणमयी नायक का कार्यकाल 12 जुलाई को समाप्त हो चुका है। राज्य सरकार ने उन्हें आयोग का नया अध्यक्ष नियुक्त किया है और वे तय तिथि, शुभ मुहूर्त के अनुसार पदभार ग्रहण करेंगी।उन्होंने कहा, किरणमयी नायक भी वकील हैं और मैं भी वकील हूं। ममता साहू ने कहा कि जब तक न्यायालय की ओर से कोई विपरीत आदेश नहीं आता, तब तक राज्य सरकार का नियुक्ति आदेश प्रभावी है और उसी के अनुरूप वे अपना कार्यभार संभालेंगी।






